माला-1177: कौन-सी एक बात भगवत-प्राप्ति करा देती है? श्री प्रेमानंद महाराज जी के अमृत वचनों से नाम जप महिमा
प्रश्न 1: संत मार्ग से भगवत-प्राप्ति होती है तो गृहस्थ जीवन की क्या आवश्यकता है? क्या केवल कपड़ा बदलने से भगवान मिल जाते हैं? सच्चे संत के लक्षण क्या हैं? उत्तर:महाराज जी समझाते हैं कि भगवान की प्राप्ति का संबंध बाहरी स्थिति से नहीं, बल्कि भीतर की भावना से है। गृहस्थ जीवन बाधा नहीं है;