माला-1321: भजन का आनंद भी भगवान से दूर कर सकता है? श्री प्रेमानंद महाराज जी के अमृत वचनों से नाम जप महिमा
प्रश्न 1. महाराज जी,भजन करने के बाद जो प्रसन्नता और आनंद अनुभव होता है, उससे अहंकार आने लगे तो क्या करें? उत्तर: श्री प्रेमानंद महाराज जी बताते हैं कि भजन के बाद मिलने वाली प्रसन्नता साधक के लिए अंतिम लक्ष्य नहीं है। यदि भजन के बाद मन में यह विचार आने लगे कि “मेरा भजन