माला-1297: कर्मकांड में किसका अधिकार पहले—गरीब भक्त या धनवान व्यक्ति? श्री प्रेमानंद महाराज जी के अमृत वचनों से नाम जप महिमा
प्रश्न 1: महाराज जी, यदि गरीब और धनवान यजमान के कार्य एक साथ हों तो किसे प्राथमिकता देनी चाहिए? उत्तर: महाराज जी के अनुसार किसी भी धार्मिक कार्य में धन नहीं बल्कि भाव की प्रधानता होनी चाहिए। यदि कोई गरीब व्यक्ति सच्चे हृदय से सेवा या कर्मकांड कराने आता है और दूसरी ओर कोई धनवान