माला-1174: भगवत-प्राप्त महापुरुष को कैसे पहचाना जाए? श्री प्रेमानंद महाराज जी के अमृत वचनों से नाम जप महिमा
प्रश्न 1: “आप इतने क्यूट कैसे हैं?”—संतों के आकर्षण का वास्तविक कारण क्या है? उत्तर:महाराज जी इस प्रश्न को हँसी में लेते हुए एक गहरी बात समझाते हैं। वे कहते हैं—सुंदरता संत की नहीं, इष्ट की होती है। वास्तविक सुंदरता श्रीजी और लाडली जी की है। संत तो उनके चरणों के दास होते हैं। जब